26 जनवरी के बाद फिर लौटेगी कड़ाके की ठंड: इन जिलों में बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट, जानें मौसम का ताजा अपडेट
उत्तर भारत में मौसम का यू-टर्न: गणतंत्र दिवस के बाद बदलेगी हवा की चाल, ठिठुरन के साथ होगी बारिश की एंट्री
नई दिल्ली/मुख्य डेस्क:
उत्तर भारत में कड़ाके की ठंड से हल्की राहत मिलने के बाद अब एक बार फिर मौसम करवट लेने वाला है। मौसम विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक, 26 जनवरी यानी गणतंत्र दिवस के ठीक बाद देश के कई राज्यों में सर्दी की 'सेकंड इनिंग' शुरू होने वाली है। पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के सक्रिय होने के कारण न केवल तापमान में गिरावट आएगी, बल्कि कई जिलों में झमाझम बारिश और ओलावृष्टि की भी संभावना जताई गई है।
क्यों बढ़ रही है दोबारा ठंड?
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, हिमालयी क्षेत्रों में एक नया पश्चिमी विक्षोभ दस्तक दे रहा है। इसके प्रभाव से मैदानी इलाकों में बर्फीली हवाएं चलेंगी। 27 जनवरी से लेकर महीने के अंत तक उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा और पंजाब के तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की जा सकती है।
इन जिलों में बारिश का 'येलो अलर्ट'
राजस्थान और उत्तर प्रदेश के कुछ चुनिंदा जिलों में बारिश को लेकर विशेष चेतावनी जारी की गई है:
उत्तर प्रदेश: पश्चिमी यूपी के मेरठ, बागपत, सहारनपुर और नोएडा में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है।
राजस्थान: जयपुर, अलवर, भरतपुर और शेखावाटी क्षेत्र (सीकर, झुंझुनूं) में बादलों की आवाजाही के साथ बारिश की संभावना है।
पहाड़ी राज्य: जम्मू-कश्मीर, हिमाचल और उत्तराखंड में भारी बर्फबारी का अनुमान है, जिसका सीधा असर मैदानी इलाकों की सर्दी पर पड़ेगा।
खेती और स्वास्थ्य पर असर
बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि का सबसे ज्यादा असर फसलों पर पड़ने की आशंका है। कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि वे सिंचाई और कीटनाशकों के छिड़काव को मौसम देख कर ही करें। वहीं, अचानक गिरते तापमान के कारण बच्चों और बुजुर्गों में श्वसन संबंधी समस्याओं का खतरा बढ़ सकता है।