MP में फिर लौटेगा मानसून जैसा मंजर! अगले 4 दिन इन 27 जिलों में भारी बारिश और ओले गिरने का अलर्ट, रहें सावधान

MP Weather Update: बंगाल की खाड़ी में बने नए सिस्टम से मध्य प्रदेश में बारिश और ओलावृष्टि का खतरा। IMD ने 27 जिलों के लिए जारी किया अलर्ट। पढ़ें पूरी खबर।
 
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मध्य प्रदेश में मौसम का मिजाज एक बार फिर पूरी तरह बदल गया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में बने नए मौसमी सिस्टम और सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के प्रभाव से प्रदेश में अनचाही बारिश का सिलसिला जारी रहने वाला है। मौसम विभाग ने शुक्रवार को राज्य के 27 जिलों के लिए येलो और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जिसमें गरज-चमक के साथ बारिश और कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है।

​क्यों बदला मौसम का मिजाज?

​मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में एक कम दबाव का क्षेत्र (Low Pressure Area) विकसित हुआ है। इसके साथ ही हवाओं का रुख बदलने और नमी आने के कारण मध्य प्रदेश के मध्य और पूर्वी हिस्सों में बादलों का डेरा जमा हुआ है। अगले 4 दिनों तक इस सिस्टम का असर प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में दिखाई देगा, जिससे दिन के तापमान में गिरावट और रात में हल्की ठंड का अहसास बना रहेगा।

​इन जिलों में भारी बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट

​IMD ने शुक्रवार को प्रदेश के जिन प्रमुख जिलों के लिए चेतावनी जारी की है, उनमें शामिल हैं:

​मध्य और पश्चिम क्षेत्र: भोपाल, विदिशा, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, इंदौर, उज्जैन, देवास, शाजापुर।

​पूर्वी और उत्तर क्षेत्र: सागर, दमोह, छतरपुर, पन्ना, रीवा, सतना, कटनी, जबलपुर, और नरसिंहपुर।

​विशेष चेतावनी: ग्वालियर, चंबल संभाग और बुंदेलखंड के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं (40-50 किमी/घंटा) चलने और ओले गिरने की भी आशंका है।

​किसानों की बढ़ी चिंता

​फरवरी के अंत में हो रही इस बेमौसम बारिश ने किसानों की माथे पर चिंता की लकीरें खींच दी हैं। वर्तमान में गेहूं, चना और सरसों की फसलें पकने की कगार पर हैं। ओलावृष्टि और तेज हवाओं के कारण फसलों के आड़े गिरने (Lodging) का डर है, जिससे पैदावार और गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। कृषि विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि यदि संभव हो तो कटी हुई फसल को सुरक्षित स्थानों पर रखें।

​अगले 4 दिनों का हाल

​मौसम विभाग की मानें तो 21 से 24 फरवरी के बीच प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में रुक-रुक कर बारिश होती रहेगी। विशेषकर शनिवार और रविवार को सिस्टम का प्रभाव सबसे अधिक रहने की उम्मीद है। 25 फरवरी के बाद ही मौसम पूरी तरह साफ होने और तापमान में बढ़ोतरी की संभावना है।

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