रीवा की राह पर 'हरित क्रांति': दिसंबर से सड़कों पर दौड़ेंगी 6 इलेक्ट्रिक AC इंटरसिटी बसें, पर्यावरण अनुकूल परिवहन की नई शुरुआत
Rewa, में ₹9 करोड़ की महत्वाकांक्षी परियोजना को नगर निगम ने दी मंजूरी; सतना, सीधी और जबलपुर के लिए बेहतर, सुरक्षित और आधुनिक यात्रा का रास्ता खुला।
Sun, 23 Nov 2025
Rewa सहित संपूर्ण विंध्य क्षेत्र के निवासियों के लिए एक बड़ी और उत्साहजनक खबर सामने आई है। शहर में स्वच्छ, पर्यावरण अनुकूल और आधुनिक परिवहन व्यवस्था को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, आगामी दिसंबर माह से छह नई इलेक्ट्रिक AC इंटरसिटी बसें (Electric AC Intercity Buses) सड़कों पर दौड़ना शुरू कर देंगी। इस पहल से न केवल क्षेत्रीय कनेक्टिविटी में सुधार होगा, बल्कि शहर में ग्रीन मोबिलिटी को भी एक नई दिशा मिलेगी।
इस महत्वाकांक्षी परियोजना को साकार करने के लिए, रीवा सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विज लिमिटेड (RCTSCL) ने गत 21 नवंबर को इंटरसिटी इलेक्ट्रिक बस चलाने का आधिकारिक अनुबंध जारी कर दिया है। रीवा सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विज लिमिटेड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) और नगर निगम आयुक्त, डॉक्टर सौरभ सोनगड़े [00:30] ने इस परियोजना की जिम्मेदारी एयरोइगल ऑटोमोबाइल प्राइवेट लिमिटेड, पुणे (AeroEagle Automobile Private Limited, Pune) को सौंपी है। कंपनी को सफल निविदाकार (successful bidder) के रूप में चयनित किया गया है। अनुबंध जारी करने के मौके पर कंपनी के संचालक राहुल पाटिल और चीफ ऑपरेटर ऑफिसर मुरारी कुमार भी उपस्थित रहे।
यह परियोजना 2 दिसंबर से औपचारिक रूप से शुरू हो जाएगी, जिससे रीवा और पड़ोसी शहरों के बीच यात्रा करने वाले हजारों यात्रियों को सीधा लाभ मिलेगा। परियोजना की कुल लागत लगभग ₹9 करोड़ निर्धारित की गई है।
कनेक्टिविटी को मिलेगा बढ़ावा
इन छह नई इलेक्ट्रिक बसों का संचालन प्रमुख अंतर-शहरी मार्गों पर किया जाएगा, जिससे रीवा का जुड़ाव अपने पड़ोसी जिलों और महत्वपूर्ण शहरों से और भी मजबूत हो जाएगा। ये बसें विशेष रूप से तीन मुख्य मार्गों पर चलेंगी:
रीवा से सतना मार्ग
रीवा से सीधी मार्ग
रीवा से जबलपुर मार्ग
प्रत्येक मार्ग पर दो-दो बसें संचालित की जाएंगी, जिससे यात्रियों को यात्रा के लिए अधिक विकल्प और सुविधाजनक समय-सारणी उपलब्ध होगी।
ग्रीन मोबिलिटी और पर्यावरण संरक्षण
इस पहल का सबसे महत्वपूर्ण पहलू इसका पर्यावरणीय प्रभाव है। आयुक्त डॉ. सौरभ सोनगड़े ने इस अवसर पर बताया कि इन इलेक्ट्रिक बसों के चलने से शहर में ग्रीन मोबिलिटी को बढ़ावा मिलेगा और वायु प्रदूषण (air pollution) में उल्लेखनीय कमी आएगी। जीवाश्म ईंधन (fossil fuel) से चलने वाली पारंपरिक बसों की तुलना में, इलेक्ट्रिक बसें शून्य उत्सर्जन करती हैं, जिससे रीवा की वायु गुणवत्ता (air quality) बेहतर होगी और शहर एक स्वस्थ वातावरण की ओर अग्रसर होगा।
डॉ. सोनगड़े ने आगे कहा कि रीवा को एक 'सस्टेनेबल ट्रांसपोर्ट हब' (Sustainable Transport Hub) के रूप में विकसित करने की दिशा में यह कदम अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होगा। इन बसों के माध्यम से यात्रियों को आरामदायक, सुरक्षित और आधुनिक यात्रा सुविधा उपलब्ध होगी, जो उन्हें एक प्रीमियम अनुभव प्रदान करेगी। एसी सुविधा युक्त होने के कारण, यात्री विशेष रूप से गर्मी के मौसम में भी सुगम यात्रा कर सकेंगे।
इस परियोजना की शुरुआत एक संकेत है कि रीवा शहर तेजी से आधुनिकता और पर्यावरण चेतना की ओर बढ़ रहा है। ₹9 करोड़ की लागत से शुरू हुई यह सेवा न केवल वर्तमान परिवहन की चुनौतियों को कम करेगी, बल्कि भविष्य में एक बड़े इलेक्ट्रिक परिवहन नेटवर्क की नींव भी रखेगी, जिससे रीवा मध्य प्रदेश में एक मॉडल शहर के रूप में स्थापित हो सकेगा।
