मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई हालिया कैबिनेट बैठक में कृषि और सिंचाई क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। राज्य सरकार ने ग्वालियर और देवास जिलों में नई सिंचाई परियोजनाओं के निर्माण के लिए 900 करोड़ रुपये से अधिक के बजट को मंजूरी दी है।
1. ग्वालियर जिला: दो नए बांधों का निर्माण
ग्वालियर जिले के लिए सरकार ने दो प्रमुख परियोजनाओं को हरी झंडी दिखाई है। इन बांधों के बनने से क्षेत्र में गिरते भूजल स्तर की समस्या दूर होगी और रबी व खरीफ दोनों फसलों के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध हो सकेगा।
उद्देश्य: सिंचाई सुविधा का विस्तार और पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करना।
प्रभाव: इन बांधों के माध्यम से ग्वालियर के आसपास के दर्जनों गांवों के किसानों को सीधा लाभ मिलेगा।
2. देवास जिला: एक बड़े बांध की तैयारी
देवास जिले में भी एक बड़ी सिंचाई परियोजना के तहत एक बांध बनाया जाएगा। इस परियोजना पर भी करोड़ों रुपये खर्च किए जाएंगे। देवास एक ऐसा क्षेत्र है जहाँ औद्योगिक और कृषि दोनों जरूरतों के लिए पानी की भारी मांग रहती है। नया बांध इस कमी को पूरा करने में मील का पत्थर साबित होगा।
परियोजनाओं के मुख्य लाभ
900 करोड़ का निवेश: सरकार इस पूरी योजना पर लगभग 900 करोड़ रुपये खर्च कर रही है, जो ग्रामीण बुनियादी ढांचे में एक बड़ा निवेश है।
हजारों हेक्टेयर की सिंचाई: इन तीन बांधों के निर्माण से ग्वालियर और देवास की हजारों हेक्टेयर कृषि भूमि को नहरों के माध्यम से पानी मिलेगा।
किसानों की आय में वृद्धि: नियमित सिंचाई की सुविधा मिलने से किसान साल में दो से तीन फसलें ले सकेंगे, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार होगा।
रोजगार के अवसर: निर्माण कार्य के दौरान स्थानीय लोगों को रोजगार मिलेगा और भविष्य में मत्स्य पालन व पर्यटन की संभावनाएं भी बढ़ेंगी।
अगला कदम: निर्माण और समय सीमा
संबंधित विभागों को इन परियोजनाओं के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू करने और भूमि अधिग्रहण (यदि आवश्यक हो) के निर्देश दे दिए गए हैं। सरकार का लक्ष्य है कि आगामी कुछ वर्षों के भीतर इन बांधों का निर्माण पूरा कर किसानों को लाभ पहुंचाना शुरू कर दिया जाए।
"मध्यप्रदेश सरकार का किसानों के हित में बड़ा कदम!
ग्वालियर और देवास जिलों में ₹900 करोड़ की लागत से 3 नए बांध बनाए जाएंगे। इससे हजारों हेक्टेयर भूमि सिंचित होगी और किसानों की आय बढ़ेगी। पूरी जानकारी के लिए पढ़ें। #MPNews #FarmersRelief #IrrigationProject #Gwalior #Dewas"