देश के करोड़ों किसानों के लिए केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-KISAN) को लेकर एक महत्वपूर्ण अपडेट सामने आया है। सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि योजना के सभी पात्र लाभार्थियों को 30 जून तक अपनी eKYC प्रक्रिया पूरी करनी होगी। जिन किसानों की eKYC समय पर पूरी नहीं होगी, उन्हें जुलाई में जारी होने वाली अगली किस्त मिलने में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
केंद्र सरकार लंबे समय से किसानों को डिजिटल माध्यम से जोड़ने और फर्जी लाभार्थियों को योजना से बाहर करने के लिए eKYC को अनिवार्य बना रही है। इसी कड़ी में कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय ने एक बार फिर किसानों से समय सीमा के भीतर eKYC पूरा करने की अपील की है।
क्या है पीएम किसान सम्मान निधि योजना?
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की शुरुआत वर्ष 2019 में की गई थी। इस योजना के तहत पात्र किसानों को हर साल 6,000 रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। यह राशि तीन समान किस्तों में किसानों के बैंक खातों में सीधे ट्रांसफर की जाती है।
हर चार महीने में 2,000 रुपये की एक किस्त जारी की जाती है। अब तक करोड़ों किसानों को इस योजना का लाभ मिल चुका है और सरकार हजारों करोड़ रुपये सीधे किसानों के खातों में भेज चुकी है।
जुलाई में जारी हो सकती है अगली किस्त
सरकारी सूत्रों के अनुसार पीएम किसान योजना की अगली किस्त जुलाई महीने में जारी की जा सकती है। हालांकि आधिकारिक तारीख की घोषणा अभी नहीं हुई है, लेकिन इससे पहले किसानों को अपने दस्तावेज और eKYC की प्रक्रिया पूरी कर लेनी होगी।
विशेषज्ञों का कहना है कि जिन किसानों का रिकॉर्ड अपडेट रहेगा, उन्हें किस्त प्राप्त करने में किसी प्रकार की समस्या नहीं होगी। वहीं जिन लाभार्थियों के दस्तावेजों में त्रुटि होगी या eKYC अधूरी होगी, उनकी किस्त रोकी जा सकती है।
क्यों जरूरी है eKYC?
सरकार ने योजना में पारदर्शिता लाने और फर्जी लाभार्थियों की पहचान करने के लिए eKYC को अनिवार्य किया है। कई मामलों में पाया गया कि अपात्र लोग भी योजना का लाभ ले रहे थे। ऐसे मामलों को रोकने के लिए आधार आधारित सत्यापन प्रक्रिया लागू की गई।
eKYC के माध्यम से यह सुनिश्चित किया जाता है कि लाभार्थी वास्तविक किसान है और उसके दस्तावेज सही हैं। इससे सरकारी धन का सही उपयोग सुनिश्चित होता है।
30 जून आखिरी तारीख
कृषि मंत्रालय द्वारा किसानों को सलाह दी गई है कि वे 30 जून से पहले अपनी eKYC प्रक्रिया पूरी कर लें। अंतिम तिथि के बाद जिन किसानों का सत्यापन नहीं होगा, उनकी आगामी किस्त प्रभावित हो सकती है।
सरकार ने बार-बार किसानों से अपील की है कि वे अंतिम समय का इंतजार न करें और जल्द से जल्द आवश्यक प्रक्रिया पूरी करें।
eKYC कराने के तरीके
किसान तीन प्रमुख माध्यमों से eKYC पूरा कर सकते हैं—
1. PM Kisan पोर्टल के जरिए
किसान घर बैठे ऑनलाइन eKYC कर सकते हैं। इसके लिए उन्हें पीएम किसान की आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा। वहां eKYC विकल्प चुनकर आधार नंबर दर्ज करना होगा। मोबाइल नंबर पर प्राप्त OTP की सहायता से प्रक्रिया पूरी की जा सकती है।
2. कॉमन सर्विस सेंटर (CSC)
जिन किसानों को ऑनलाइन प्रक्रिया में कठिनाई होती है, वे नजदीकी CSC सेंटर पर जाकर बायोमेट्रिक सत्यापन के माध्यम से eKYC करा सकते हैं।
3. राज्य सरकार के कृषि सेवा केंद्र
कई राज्यों में कृषि विभाग और राजस्व विभाग द्वारा भी किसानों को eKYC कराने की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
किन कारणों से रुक सकती है किस्त?
कई बार किसान शिकायत करते हैं कि उनके खाते में किस्त नहीं आई। इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं—
eKYC पूरी न होना
आधार और बैंक खाते की जानकारी में अंतर
भूमि रिकॉर्ड अपडेट न होना
बैंक खाते का निष्क्रिय होना
गलत दस्तावेज अपलोड होना
नाम, जन्मतिथि या अन्य जानकारी में त्रुटि
इन सभी समस्याओं को समय रहते सुधारना जरूरी है।
लाभार्थी सूची में नाम कैसे जांचें?
किसान पीएम किसान पोर्टल पर जाकर Beneficiary List विकल्प के माध्यम से अपना नाम जांच सकते हैं। वहां राज्य, जिला, ब्लॉक और गांव की जानकारी भरकर लाभार्थी सूची देखी जा सकती है।
यदि किसी किसान का नाम सूची में नहीं दिखाई देता है तो उसे संबंधित कृषि अधिकारी से संपर्क करना चाहिए।
मोबाइल से स्टेटस कैसे चेक करें?
किसान अपने आवेदन की स्थिति भी ऑनलाइन देख सकते हैं। इसके लिए पीएम किसान पोर्टल पर Know Your Status विकल्प का उपयोग किया जा सकता है। आधार नंबर या पंजीकरण संख्या दर्ज करके किस्त और आवेदन की पूरी जानकारी प्राप्त की जा सकती है।
किसानों के लिए सरकार की अपील
केंद्र सरकार ने किसानों से कहा है कि वे योजना का लाभ निर्बाध रूप से प्राप्त करने के लिए सभी दस्तावेज अपडेट रखें। eKYC प्रक्रिया पूरी करने में देरी न करें और किसी भी प्रकार की तकनीकी समस्या होने पर हेल्पलाइन या स्थानीय कृषि कार्यालय से संपर्क करें।
करोड़ों किसानों को मिलेगा लाभ
पीएम किसान योजना वर्तमान में देश की सबसे बड़ी प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) योजनाओं में शामिल है। इसका उद्देश्य छोटे और सीमांत किसानों को आर्थिक सहायता प्रदान करना है ताकि खेती-किसानी से जुड़े खर्चों को पूरा करने में मदद मिल सके।
विशेषज्ञों का मानना है कि योजना की सफलता का सबसे बड़ा कारण इसकी पारदर्शी व्यवस्था और सीधे बैंक खातों में राशि ट्रांसफर होना है। यही कारण है कि सरकार लगातार रिकॉर्ड सत्यापन और eKYC प्रक्रिया को मजबूत बना रही है।